मन सही लक्ष्य से भटक क्यों जाता है?
मन इसलिए भटकता है क्योंकि हम अपने भीतर के दर्द से अनजान हैं। लोग ज्ञान, संबंध, शराब और दौलत को एनेस्थेसिया की तरह इस्तेमाल करते हैं ताकि अपनी पीड़ा न महसूस हो। जब अपनी असली हालत का बोध हो जाए, तो मन अपने आप केंद्रित हो जाता है और एकमात्र पुकार उठती है, आज़ादी की। जीवन में प्रकाश लाओ, हकीकत देखो, मन कभी नहीं भटकेगा।