
मुझे गीता से क्या मिला, गीता जीवन में उतरने के बाद जीवन में क्या परिवर्तन हुआ.. पूरी बात पढ़ें!! गीता के छात्र हैं ना हम! धर्म युद्ध कुरुक्षेत्र में भी था, आज भी है, तो हमें योद्धा होना है। और उसके लिए युद्ध कौशल तो चाहिए ही, साथ ही शरीर की मज़बूती भी बहुत आवश्यक है। और गीता तो किसी अर्जुन के लिए ही होती है। और ईमानदारी से अवलोकन करने पर पता चलता है कि मैं अर्जुन जैसा तो नहीं ही हूँ। अर्जुन को महाबाहो कहा गया है, मतलब जिनकी भुजाएँ अत्यं… Read more



































