
इतना भोग चुके, अभी होश नहीं आया? || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

जो मेरे इर्दगिर्द दिखते हैं, ज़रूरी नहीं कि मेरे ही जैसे हों || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

गीता के पूरे उपदेश के बाद भी अर्जुन सब शिक्षा भूल क्यों गए? || आचार्य प्रशांत, भगवद् गीता पर (2019)
आचार्य प्रशांत

बोध-साहित्य हड़बड़ी और उतावली में नहीं निपटाया जाता || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

'कण-कण में भगवान्' का असली अर्थ क्या है? || आचार्य प्रशांत (2017)
आचार्य प्रशांत

सुख-दुख एक समान, तो फिर जिएँ क्यों? || आचार्य प्रशांत, भगवद् गीता पर (2019)
आचार्य प्रशांत

मन इतना अशांत क्यों रहता है? || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

झूठ के रंग में रंग जाता है मन || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

विचारों को देखो, वृत्तियाँ पकड़ में आ जाएँगी || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

इन स्कूल-कॉलेजों में जीवनशिक्षा नहीं पढ़ा सकते || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत

वो बात बिल्कुल याद नहीं आती? || आचार्य प्रशांत, श्री रामचरितमानस पर (2019)
आचार्य प्रशांत

Not relief of mind, but destruction of the mind's centre||Acharya Prashant, on Raman Maharishi(2019)
Acharya Prashant

तेज़ कदम चलना होगा, नूतन पथ रचना होगा || आचार्य प्रशांत (2019)
आचार्य प्रशांत