
मेरा कोई काम बिगड़ता है तो मुझे लगता है कि इसी इंसान के कारण मेरा काम बिगड़ा है Iमैं अपने आप को अंदर से तो जानती हूं कि मेरी ही गलती है लेकिन उसको किसी के सामने कहना अच्छा नहीं लगता है कि मेरे ही गलती के कारण मेरा काम खराब हुआ है अपने आप की गलती को दूसरे की गलती कहना यह मेरा अहंकार है दूसरे को गलत ठहरना अहंकार को ज्यादा अच्छा समझता है।
















