
हाँ, बिल्कुल मैंने आधी अधूरी जानकारी से व्यक्ति या परिस्थिति के बारे में मेरी राय बना ली और बाद में सच्चाई जानकर अपना फैसला बदलना पड़ा। मैं अक्सर यह करता हूं कि किसी व्यक्ति से मिला, शुरुआत में तो लगा कि अच्छा है उसके आधार पर उसको मान लिया कि अच्छा है लेकिन फिर बाद में पता लगता है कि इस व्यक्ति में तो बहुत गड़बड़ी है। अब नहीं साथ निभा सकता, फिर उसका साथ छोड़ना पड़ता है। और मैंने बिएड में एडमिशन लिया था, थोड़ी बहुत जानकारी लेकर। लेकिन अब समझ आ र…





























