
गीत बहुत ही सुंदर है। रोम रोम जोस से भर जाता है। प्रदीप जी राष्ट्रीय कवि थे। बहुत सुंदर लिखा है। और लता जी की आवाज गीत को अमर बना दिया है। एक वीर सैनिक देश की रक्षा करते हुए "शहीद" हो जाता है। एक सैनिक जो अपना बहुमूल्य जीवन देश को समर्पित कर देता है। उसी देश के अंदर जातियों में बँटा हुआ समाज, सामाजिक कुरीतियों का पालन कराने के लिए बड़े बड़े मंचों से उपदेश दिये जा रहे हो। धर्म को पाखण्ड और कामनाओं का धंधा बना लिया हो । तो जो वह वीर सैनिक देश के ख…
















