
✍🏻 पोस्ट 2 | 9 अक्टूबर '26 💭 विषय — इंडियन करंट अफेयर्स ────────── 💉 जब शादी की तारीख़ शरीर का पैमाना बन जाए 💍 शादी से पहले वांछित वज़न पाने के लिए दवाओं का इस्तेमाल बढ़ रहा है। इंडियन एक्सप्रेस की एक साल की पड़ताल के अनुसार, कुछ क्लिनिक इसके लिए ₹20,000–30,000 के शादी-पूर्व पैकेज भी बेच रहे हैं। 💊 मार्च 2025 में एली लिली की मौंजारो और जून 2025 में नोवो नॉर्डिस्क की वेगोवी भारत आईं। अक्टूबर 2025 तक मौंजारो की संचयी बिक्री ₹333 करोड़ पार कर चुकी थी और उसी महीने वह मूल्य के हिसाब से भारत की सबसे अधिक बिकने वाली दवा बनी। 📈 अगस्त 2026 तक के 12 महीनों में भारत का जीएलपी-1 बाज़ार ₹2,333 करोड़ का हो गया। इसमें करीब 86% हिस्सा इंजेक्शन वाली दवाओं का था। ⚕️ मौंजारो को भारत में बीएमआई 30 या उससे अधिक, अथवा बीएमआई 27 या उससे अधिक के साथ संबंधित स्वास्थ्य समस्या वाले वयस्कों में वज़न प्रबंधन के लिए मंज़ूरी मिली है। लेकिन शादी की एक तय तारीख़ तक शरीर का आकार बदलने की चाह इस दवा के इस्तेमाल को एक अलग दिशा में ले जा रही है। 👰 इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार, एक क्लिनिक ने एक साल में करीब 100 दुल्हनों को उनके वांछित वज़न तक पहुँचाने का दावा किया। रॉयटर्स से बात करने वाले दिल्ली के एक शल्य-चिकित्सक के अनुसार, मोटापे के लिए दिए जाने वाले इंजेक्शन से जुड़ी उनकी पूछताछ में 20% से अधिक दुल्हनों की थीं। ⚠️ एक रिपोर्ट में 23 वर्षीय महिला को बिना शुरुआती जाँच के मौंजारो दिया गया। मात्रा 12.5 मिलीग्राम तक पहुँची और डॉक्टर के अनुसार 40 दिनों में उसका वज़न करीब 20 किलोग्राम घटा। उसे थकान, बाल झड़ने, मासिक धर्म में बदलाव और मांसपेशियों में भारी कमी की शिकायत हुई। यह एक व्यक्ति का मामला है, सामान्य परिणाम नहीं। एक अन्य महिला ने बिना डॉक्टर की सलाह दवा दोबारा शुरू की। तेज़ उल्टी और शरीर में पानी की कमी के बाद उसे 3 दिन गहन चिकित्सा कक्ष में रहना पड़ा। एक महिला 99 किलोग्राम से ओज़ेम्पिक के बाद 58 किलोग्राम पहुँची, लेकिन दवा बंद करने पर उसका वज़न फिर बढ़ गया। 🩺 मौंजारो की औषधि-सूचना में जी मिचलाना, दस्त, भूख कम होना, उल्टी, कब्ज़ और पेट दर्द जैसे सामान्य दुष्प्रभाव दर्ज हैं। गर्भावस्था में इसकी सुरक्षा पर पर्याप्त मानवीय आँकड़े उपलब्ध नहीं हैं। 📊 जनवरी 2026 में बीएमजे में प्रकाशित 37 अध्ययनों और 9,341 प्रतिभागियों के विश्लेषण में पाया गया कि दवा बंद करने के बाद वज़न औसतन 0.4 किलोग्राम प्रति माह वापस बढ़ा। नई सेमाग्लूटाइड और टिरज़ेपाटाइड जैसी दवाओं के लिए यह दर करीब 0.8 किलोग्राम प्रति माह थी। शोध के मॉडल के अनुसार, शुरुआती वज़न तक लौटने में करीब 1.5 साल लग सकते हैं। यह एक अनुमानित आकलन है, देखा गया निश्चित परिणाम नहीं। इन नई दवाओं पर 12 महीने से आगे के आँकड़े भी सीमित थे। 🪞 लेकिन सवाल सिर्फ़ दवा का नहीं है। जब किसी को लगातार उसके शरीर, सुंदरता और विवाह-योग्यता की नज़र से देखा जाता है, तो धीरे-धीरे वही बाहरी नज़र उसकी अपनी नज़र भी बन सकती है। शरीर की देखभाल अलग बात है। लेकिन अगर शादी की तारीख़ यह तय करने लगे कि शरीर कैसा दिखना चाहिए, तो सवाल वज़न से आगे जाता है: ❓ मैं अपने शरीर को देख रहा हूँ, या दूसरों की नज़र से खुद को देख रहा हूँ? एक तारीख़, एक आकार या एक संख्या बदल जाने से क्या वह अधूरापन भी चला जाता है? ❓ मेरी वह कौन-सी तारीख़ है जिसके बाद मैंने मान लिया था कि अब मैं पूरा हो जाऊँगा? 🔗 स्रोत: The Indian Express https://indianexpress.com/article/long-reads/mounjaro-brides-glp-1-weight-loss-drugs-wedding-packages-risks-india-10909586/?ref=todays-paper-article https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/41500720/ https://www.accessdata.fda.gov/drugsatfda_docs/label/2025/215866s034lbl.pdf

















































