
✍🏻 पोस्ट 1 | 5 अक्टूबर '26 💭 विषय — इंडियन करंट अफेयर्स ───────────── 🥇 85 पदक, क्या खेलों को लेकर हमारी सोच बदल रही है? 2026 एशियाई खेलों में भारत ने 85 पदक जीते: 🥇 21 स्वर्ण | 🥈 27 रजत | 🥉 37 कांस्य भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा। 2023 के हांगझोउ एशियाई खेलों में भारत ने 107 पदक जीते थे। फिर भी इस बार का प्रदर्शन भारत का एशियाई खेलों में दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। 🏹 खास बात यह है कि भारत की सफलता केवल क्रिकेट तक सीमित नहीं रही। एथलेटिक्स में 24, शूटिंग में 15 और तीरंदाजी में 9 पदक आए। मुक्केबाजी और कुश्ती में भी भारत ने अच्छा प्रदर्शन किया। हॉकी, कबड्डी और क्रिकेट में टीमों ने स्वर्ण जीते। फिर भी भारत में खेल की बात होते ही हमारी चर्चा अक्सर क्रिकेट पर आकर रुक जाती है। 🏏 क्रिकेट की असाधारण लोकप्रियता ने दूसरे खेलों के लिए मिलने वाले ध्यान, दर्शकों, संसाधनों और सामाजिक प्रतिष्ठा को पीछे धकेल दिया है। जब तीरंदाजी, मुक्केबाजी, कुश्ती, शूटिंग या एथलेटिक्स में भारतीय खिलाड़ी पदक जीतते हैं, तो क्या उन्हें उतना ही देखा और सराहा जाता है? 👩🏻 इस एशियन गेम्स की एक बड़ी बात भारतीय महिलाओं का प्रदर्शन रहा। भारतीय महिलाओं ने क्रिकेट, कबड्डी और हॉकी में स्वर्ण जीते। तीरंदाजी, शूटिंग, एथलेटिक्स और मुक्केबाजी में भी महिलाओं ने स्वर्ण पदक जीते। महिला हॉकी टीम ने 44 साल बाद एशियाई खेलों का स्वर्ण हासिल किया। यानी जिन क्षेत्रों में महिलाओं को लंबे समय तक सीमित समझा गया, वहीं वे अब देश के पदक अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। 🪞 यहाँ खेल से आगे एक सवाल खड़ा होता है। किसे खेलना चाहिए, कौन-सा खेल किसके लिए है, लड़कियों को कितना बाहर जाना चाहिए, शरीर को कितना मजबूत बनाना चाहिए, खेल में समय लगाना “सार्थक” है या नहीं, ऐसी धारणाएँ बचपन से ही बहुत कुछ तय कर देती हैं। खेल को केवल पदक या मनोरंजन के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। खेल शरीर को मजबूत बनाने, साहस विकसित करने और चुनौती के सामने टिकने का माध्यम है। लड़कियों को खेल और शारीरिक मजबूती से दूर रखना उनके विकास की संभावनाओं को सीमित करना है। 🏃🏻♀️ इसलिए सवाल सिर्फ़ यह नहीं कि भारत ने कम पदक क्यों जीते। सवाल यह है कि क्या हम ऐसा चैतन्य समाज बना रहे हैं जहाँ हर बच्चे को, हर लड़की को और हर खिलाड़ी को अपनी क्षमता आज़माने का पर्याप्त अवसर मिले? ❓ अगर भारत को सच में खेलों में आगे बढ़ना है, तो क्या हमें सिर्फ़ खिलाड़ियों का प्रदर्शन बदलना है, या खेलों के प्रति अपनी प्राथमिकताएँ बदलनी हैं? स्रोत: https://sports.ndtv.com/asian-games-2026/full-list-of-indian-medallists-at-asian-games-2026-and-final-medal-tally-12134467 https://acharyaprashant.org/on-youtube/d999755b1
















































