योग का क्या अर्थ है? || आचार्य प्रशांत (2014)
आचार्य प्रशांत
जब आँखें खुलती हैं तो दुनिया बदल जाती है || आचार्य प्रशांत (2014)
कौनसी किताबें पढ़नी चाहिए? || आचार्य प्रशांत (2014)
शून्य में नग्न रह जितने लिबास ओढ़ने हों,ओढ़ो || आचार्य प्रशांत (2014)
अभी और कितना सहारा चाहिए तुम्हें? || आचार्य प्रशांत (2015)
समस्याओं का सामना कैसे करें? || आचार्य प्रशांत (2014)
प्रेम और आकर्षण || आचार्य प्रशांत (2014)
दुर्बलता को पात्रता कहना ही भिक्षावृत्ति है || आचार्य प्रशांत (2014)
पात्रता का क्या अर्थ है? || आचार्य प्रशांत (2014)
बोध में स्मृति का क्या स्थान है? || आचार्य प्रशांत (2015)
प्रेम में तोहफ़े नहीं दिए जाते, स्वयं को दिया जाता है || आचार्य प्रशांत (2016)
अंतर्भाव मात्र अज्ञान || आचार्य प्रशांत (2015)
अंत में समाधान तभी मिलेगा, जब आरंभ भी समाधान से हो || आचार्य प्रशांत (2016)
सवाल अच्छे हैं पर सवालों से मुक्ति और भी अच्छी || आचार्य प्रशांत (2016)
बंधन चाहने से बंधन मिलता है और मुक्ति चाहने से भी बंधन ही मिलता है || आचार्य प्रशांत (2016)
आगे की जीत को हार कहते हैं || आचार्य प्रशांत, संत हाफ़िज़ पर (2016)
सारे धर्मों के त्याग के बाद क्या? || आचार्य प्रशांत, श्रीकृष्ण और श्री अष्टावक्र पर (2016)
कोहम् का वास्तविक अर्थ है 'तुम कौन?' || आचार्य प्रशांत (2016)
जो नहीं समझे वो चूके,जो समझे वो और भी चूके || आचार्य प्रशांत (2016)
आपकी सत्य से जो दूरी है उसे समय कहते हैं || आचार्य प्रशांत (2016)
मोक्ष और निर्वाण किसी ख़ुशी के नहीं बल्कि पूर्ण विध्वंस के नाम हैं || आचार्य प्रशांत (2016)
बीमारी ही नकली दवाई बनकर बीमारी को कायम रखती है || आचार्य प्रशांत (2015)
आध्यात्मिक बातें अध्यात्म का सस्ता और व्यर्थ विकल्प हैं || आचार्य प्रशांत (2015)
बाहरी चुनौतियों से लड़ो और आंतरिक चुनौतियों को भूल जाओ || आचार्य प्रशांत (2016)
राम को राम से अन्यत्र कहीं तलाशना ही काम है || आचार्य प्रशांत (2016)
गुलाम कौन? जो अधूरी मुक्ति से राज़ी हो || आचार्य प्रशांत (2015)
एक गुरु से पाना चाहे और कुछ नहीं पाता है, दूजा गुरु के प्रेम में पाना भूल जाता है || आचार्य प्रशांत
आगे और करने का विचार उन्हीं को आता है जो अभी के काम में पूरे नहीं होते || आचार्य प्रशांत (2015)
तुम्हारी परम मुक्ति में यह भी शामिल है कि तुम अमुक्त रहे आओ || आचार्य प्रशांत (2016)
जो बुद्ध नहीं, वो प्रयासशील रहेगा ही || आचार्य प्रशांत (2016)