
Bhanmati sahu
यहूदियों का इतिहास ही एक स्त्री का इतिहास हैं,जो अपनी पहचान के लिए तब से लड़ रही हैं, जब से अपनी मां के कोख में आती हैं। 1_ जब जीवन उम्मीद के अनुसार नहीं चलती हैं, तो मैं खुद को देखती हूं, किसी और को दोषी नहीं मानती हूं। 2_ हाँ मैं देखनी कि नियत रखती हूं, समस्या कहाँ से उठ रही हैं।















