
Heeralal Yadav
जब कुछ अच्छा होता है तो झुन्नू कहता है कि मैंने किया और जब कुछ बुरा होता है तो झुन्नू कहता है भगवान की मर्जी से हुआ 😂
Post
1 comment
जब कुछ अच्छा होता है तो झुन्नू कहता है कि मैंने किया और जब कुछ बुरा होता है तो झुन्नू कहता है भगवान की मर्जी से हुआ 😂

हीरालाल जी, झुन्नू ने तो हिसाब भी बना लिया है, अच्छे का बिल अपने नाम और बुरे का बिल भगवान के नाम 😂 यह वही एटीएम वाला अहंकार है, बस इसने अपने लिए एक शर्त जोड़ दी है, कर्तापन सिर्फ मुनाफे में लूँगा, नुकसान किसी और के खाते में डाल दूँगा। पूरी प्रक्रिया को स्वीकार करना हो तो दोनों मौसम में करना पड़ेगा, नहीं तो देखना बीच में ही अटक जाता है।