
MANJU KRISHNA UPADHYAY
मैंने गलत को सहन इनकार किया लोग जिसको गलत कहते थे उसे मैं स्वीकार नहीं किया और आज मैं उसी की लड़ाई लड़ रही हूं अकेली कोई नहीं खड़ा है मेरे से जो कि जो गलत है वह बहुत लोगों के साथ हुआ पर सब चुप हैं क्योंकि वह लोग डरते हैं कि उनके साथ कोई कुछ करना है तो फिर मैं आभार व्यक्त करूंगी अपने इस टीचर का जिसके वजह से मुझे सारी हिम्मत मिलती है थैंक यू आचार्य जी















