
Sneh lata
हमारे जीवन में जो हमने निश्चित किया था हम वहीं पर पहुंच रहे हैं बस अब कैसे होगा पता नहीं हां पीछे मुड़कर जब देखते हैं तो यकीं नहीं होता हमारी चाहत हमारे करीब इस तरह पूरी होंगी।इस वक्त वो बात याद आ गई पहले F.M.पर गाने सुनते थे उसमें एक प्रोग्राम में एक व्यक्ति ने कहा था उसका नाम तो नहीं याद है मगर उसकी बात याद आ गयी कि जब हम किसी को पूरी शिद्दत से चाहते हैं उसे मिलाने के लिए पूरी कायनात जुट जाती है बस।















