
Deepali Singh
नहीं उम्र बढ़ने से बस हमारी धारणाएं ही बढ़ती जाती हम जो मान रहे होते है बस उसका विस्तार होता जाता है। हम अगर किसी चीज को देख भी रहे होते है। तो उसमें जो नजरिया होता है । वो हमारा ही होता है हम जैसे होते है वैसे देखते भी है। और हम किसी चीज से रिश्ता ही तभी बनते है । जब उसके बारे में कोई धारणा बना लेते है तब । और बढ़ने के साथ हमारी धारणा इतनी पक्की होती जाती है । की हम उसी को जीने लगते है ।















