
Sarvesh Chaturvedi
*"भीड़ बहुत है सब उपनिषद के विद्यार्थी है, और मैं अकेला नहीं हूँ। मैं अपनी बेटी के साथ बैठा हूँ — उपनिषद पढ़ते हुए। आज के समय में जहाँ बच्चे स्क्रीन से सीख रहे हैं, मैं उसे सत्य से जोड़ने की कोशिश कर रहा हूँ। मेरे लिए पेरेंटिंग सिर्फ खाना-पीना या स्कूल नहीं है, पेरेंटिंग का मतलब है — उसे सही दिशा देना, उसे भीतर से मजबूत बनाना। शायद यही मेरा सबसे सच्चा और मजबूत कदम है एक बेहतर पिता बनने की ओर।"*


















