
Vimla Patel
जब कोई आपके साथ गलत करता है, तो आपकी नीयत क्या होती है, गलत को देखना या अपना बहीखाता बराबर करना? अभी तक तो अपना बहीखाता बराबर करना ही था । लेकिन अभी 1-2 दिन पहले वीडियो देखी जिसमें कहा है कि भूलना सीखो इसलिए नहीं कि आप बड़े दिल वाले हो बल्कि इसलिए कि स्वयं को शांत रख सको । क्या जिसे आप न्याय कह रहे हैं, कहीं वह अहंकार को सही साबित करने का तरीका तो नहीं? हा वहां अंहकार स्वयं को सही साबित करने पर ही तुला होता हैं।















