
ashu
ऐसा तो कोई काम नहीं हैं जिसे मैंने इसलिए अधूरा छोड़ा हो की करने के बाद कोई पूछेगा तक नही। लेकिन ऐसा जरूर लगता हैं की जॉब लगने के बाद लोग थोड़ी अहमियत देंगे हमारी बात सुनेंगे कम से कम । अब तो सही बात कहे तो भी कोई सुनता नहीं हे, जब तक जॉब न लगे तब तक हमारी कोई वैल्यू नहीं हे। हां पर जानती हु जॉब ही सब कुछ नहीं है जीवन में । ससुराल में सब रिश्तेदार पूछते रहते हे इतने साल हो गए अब तक क्या पढ़ रही हो ,अब तक जॉब नहीं लगी।इन लोगो के लिए तो जैसे जॉब ही…















