
bharti tanwar
मेरा अवलोकन इस पोस्ट को पढ़कर मुझे अपने जीवन में सबसे स्पष्ट “बस यह मिल जाए, फिर सब ठीक होगा” वाला पैटर्न रिश्ते और भविष्य के साथी को लेकर दिखा। लंबे समय तक मुझे लगता रहा कि अगर मुझे अपना ideal partner मिल जाए—जो मुझे चुने, समझे, प्यार करे और care करे—तो शायद भीतर की बेचैनी खत्म हो जाएगी। इसी चाह को मैंने कभी-कभी fictional imagination में भी जीया। अब समझ आता है कि समस्या केवल उस व्यक्ति की चाह नहीं थी। मैं अपनी आंतरिक अपूर्णता का समाधान एक बाह…















