
Sarita Soni
नहीं, ये पूरा सच नहीं है। ये सिर्फ उन गिने-चुने पलों का जोड़ है जिनको चेतना ने बाकी सब भुलाकर पकड़ रखा है। हमने अपने बीते कल से कुछ पल उठाकर अपने बारे में कहानी बना ली है - "मैं कमजोर हूँ", "मैं खास हूँ", "मुझे कभी समझा नहीं गया" - और अब उसी कहानी को बचाने में अपनी पूरी ताकत लगा रहे हैं। 🙏🙏🙏🙏















