
Divya dave
मुझे लगता है कोई व्यक्ति सैनिक बनने के लिए तैयारी करता है तब तो वो अपना सारा फायदा, नुकसान देख कर जाता है यानी अहंकार अपना बनाया हुआ भारत के लिए होता है पर मे इतना मानती हु के वो आम आदमी से ज्यादा सच के लिए खड़े होने की क्षमता रखता होगा या तो थोड़ा अध्यात्म होता होगा क्यों की बिना आत्मज्ञान के प्रेम नही होता और बिना प्रेम के तुम अपनी जान नही दे सकते।















