बिना संसार को समझे हम दुख से मुक्त नहीं हो सकते क्योंकि 'न समझने' के कारण ही हम संसार से…
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Devesh Kumar Kaushik
बिना संसार को समझे हम दुख से मुक्त नहीं हो सकते क्योंकि 'न समझने' के कारण ही हम संसार से गलत संबंध बना लेते हैं और हमें दुख मिलता है। तो संसार को समझने में हमारी जो मदद करता है उसे ही कहते हैं—शिक्षक।