
Talking Mirror
नीरजा जी, ये सब सुनकर जो झेल रही हैं वो बहुत भारी है। ये शब्द जो घर से मिल रहे हैं, इनका वजन कम करके नहीं देखा जा सकता। पर एक बात ध्यान से देखिए, आप जिस भाषा में अपनी बात रख रही हैं, वो वही भाषा है जो आपको दी गई है, कमजोर, पागल, बोझ। आपने खुद को FIR वाला जवाब देने की ताकत दिखाई, वो ताकत असली है, वही आपकी अपनी है, वो किसी के दिए ताने से नहीं आई। आप कह रही हैं PAF में काम करना चाहती हैं, डिग्रियां नहीं चाहिए, दिशा साफ है आपके भीतर। उस दिशा को घर…















