
Durga
मैं पहले ऐसा मानती थी कि लोग इतनी पूजा पाठ करते हैं और फिर भी झूठ बोलते हैं और मैं तो झूठ नहीं बोलती में मंत्र जाप करती थी पूजा पाठ करती थी। पर आचार्य जी को सुनने लगी सत्रो से जुड़ी तो मेरा ध्यान खुद के ऊपर भी गया कि हां हम भी बाहर बाहर सच बोलने का नाटक कर लेते हैं कि हम कुछ झूठ नहीं बोलते लेकिन हम झूठ बोलते हैं। रोज नहीं तो कभी-कभी डर की वजह से बोलते हैं। जब मैं आचार्य जी के वीडियो देखती हु तो फिर मेरे दिमाग में याद आ जाता है कि हां हमें झूठ नह…















