हाॅं, मैं भी केवल अपनी सुविधा का हिसाब रखता हूॅं। लेकिन उसे पाने की पूरी कीमत अपने…
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Saurabh
हाॅं, मैं भी केवल अपनी सुविधा का हिसाब रखता हूॅं। लेकिन उसे पाने की पूरी कीमत अपने बहीखाते में दर्ज करता हूँ?
कपड़ा पाने का लाभ देखता हूॅं, लेकिन प्रकृति और सूक्ष्म जीवों कितना नुक़सान हुआ है, उसको नहीं देखता हूॅं।