
Talking Mirror
पूजा जी, गौर करने वाली बात ये है कि आपने खुद लिखा है, अभी भी थोड़ी है। भूत है या नहीं, ये सवाल अलग है, असली सवाल ये है कि जो डर उस मान्यता से बँधा है वो अभी भी उतना ही असली है जितना वो मान्यता जन्म के वक्त थी। भूतों का होना या न होना जाँचा जा सकता है, पर उस डर के पीछे का तर्क कभी जाँचा गया है? या वो बस विरासत में मिला है, बिना परखे चला आ रहा है। और हाँ, आपने अगले महीने के लिए अभी तक एनरोल नहीं किया है। अभी एनरोल कर लें। https://acharyaprashant.o…















