
बोध सूत्र एक ऐसी किताब है जिसे आप एक बार में नहीं, बल्कि धीरे-धीरे पढ़ना चाहते हैं। इसमें दिए गए छोटे-छोटे वचन बहुत सरल हैं, लेकिन उनके पीछे की गहराई बहुत ज्यादा है। हर एक सूत्र ऐसा लगता है जैसे सीधे जीवन से जुड़ा हुआ है। कई बार एक ही लाइन पढ़कर रुकना पड़ा और उस पर सोचने का मन हुआ। यह किताब केवल पढ़ने के लिए नहीं, बल्कि मनन करने के लिए है। आचार्य प्रशांत की खास बात यह है कि वे बहुत कम शब्दों में ब...