
आज का एक सुंदर अनुभव… 🌿 सोचा, Exclusive Session शुरू होने से पहले बच्चों के साथ आचार्य जी की Kids Book Series पढ़ी जाए। आज घर में मेरी ननद का 8 वर्षीय बेटा भी आया हुआ था। मैंने उसे और अपने 5 वर्षीय बेटे को साथ बैठाकर कुछ छोटी-छोटी गतिविधियाँ कराईं। उसके बाद आचार्य जी की Kids Book Series, Air, River और Tree, उन्हें देखने और पढ़ने के लिए दी। दोनों बड़े आनंद से पुस्तकों में डूब गए। मेरे बेटे को अभी अच्छी तरह पढ़ना नहीं आता, लेकिन चित्रों के माध्यम से वह बातों को बहुत सहजता से समझ लेता है। यही इन पुस्तकों की सबसे सुंदर बात लगी, शब्दों से पहले ही चित्र बच्चों तक संदेश पहुँचा देते हैं। पुस्तकें पूरी होने के बाद हम काफी देर तक बातें करते रहे। इसी बातचीत के दौरान ननद के बेटे ने कहा, “इसलिए हमें पेड़ नहीं काटने चाहिए।” मेरे बेटे ने तुरंत जोड़ा, “और पॉलिथीन भी नहीं जलानी चाहिए।” 😊 उस क्षण लगा कि सही बात जब बच्चों तक उनकी भाषा में पहुँचती है, तो वे स्वयं उससे निष्कर्ष निकाल लेते हैं। आचार्य जी के प्रति हृदय से कृतज्ञता कि उन्होंने बच्चों के लिए ऐसी पुस्तकें तैयार कीं, जिनसे वे खेल-खेल में प्रकृति और जीवन के प्रति संवेदनशील होना सीख सकते हैं, चाहे वे अभी धाराप्रवाह पढ़ना जानते हों या नहीं। ऐसी और पुस्तकों की प्रतीक्षा रहेगी। 🙏🏼



















