
हमन है इश्क मस्ताना” संत कबीर के भजनों और सूफी भाव को आधुनिक भाषा में समझाने की कोशिश करती है। इस किताब की सबसे अच्छी बात यह है कि यह “प्रेम” को सिर्फ भावुकता या रिश्तों तक सीमित नहीं रखती, बल्कि उसे एक गहरी आंतरिक अवस्था के रूप में समझाती है। कबीर के पदों को आज के जीवन से जोड़ना आसान नहीं है, लेकिन किताब यह काम काफी हद तक सही तरीके से करती है। मुझे इसमें यह लगा कि यह भक्ति को अंधविश्वास या रस्मों...

इस पुस्तक में कबीर साहब के भजन को बहुत ही सरल तरीके से लेखक ने समझाया है। इसमें बताया गया है कि वास्तव में इश्क क्या होता है। हम बोलते हैं कि हमे इससे प्यार हो गया पर उसकी असलियत क्या है वो इस किताब में जानने को मिलती है। आचार्य जी हमारे बहुत सारे भ्रम तोड़ रहे हैं इस किताब में प्यार को लेकर। यह पुस्तक हमे प्रेम की जीवन में महत्ता को समझती है और ये जीवन में कैसे आयेगा उस पर भी प्रकाश डालती है। ...