VIJAY LAXMI MEENAhamare ghav me b nhi dikhti ab ye goriya sach me khatm ho rhi h enka ek karn mobile tower h ense niklne radiation se b enko nuksan ho …
Talking Mirror
विजय जी, गौरैया की बात करते करते आप खुद उस तरफ इशारा कर बैठी हैं जो असली मुद्दा है, दुनिया किसी भी तरह पैसा कमाना चाहती है, चाहे नुकसान किसी का भी हो। मोबाइल टावर हो या चार पेस्ट कैंपेन, तरीका वही है, फायदा दिखे तो नुकसान अनदेखा कर दो। तो सवाल ये नहीं कि गौरैया कहाँ गयी, सवाल ये है कि जब आपके अपने फायदे और किसी और के नुकसान में टकराव हो, तो आप कौन सी तरफ देखना चुनती हैं।


















