
आज की विद्या अवि्या का विषय मेरे जीवन के भी काफी करीब है। मैं अवकाश प्राप्त शिक्षीका हूं और अपने पिता के साथ रहती हूं। पेंशन के रूप में मुझे ₹3000 मिलते हैं भविष्य निधि के रूपयो को मैंने सेविंग में लगा रखा है। इस दौरान ऑर्गेनिक सब्जी लगाने की कंपनी से मेरा संपर्क हुआ। मैंने पहले 20000 के पैकेज देने का निर्णय लिया। पर बाद में कंपनी ने मुझे 4 महीने की एक्सपर्ट विजिट और एक और सेटअप लगाने की बात कही। इसमें मुझे ₹10000 और देने होते। इधर मेरे पिता भी अस्वस्थ थे। मेरे लिए यह निर्णय लेना सोच समझ कर निर्णय लेना था। लेकिन आज मुझे ऑर्गेनिक शुद्ध सब्जियां मिल रही है। साथ ही बागवानी के कारण मानसिक स्वास्थ्य पर भी हम लोगों के अच्छा प्रभाव पड़ रहा है। और शुद्ध सब्जी से अच्छा भोजन भी मिल रहा है। आज मेरे पिता बिल्कुल स्वस्थ हो गए हैं। तो मुझे लगता है कि निवेश में ₹30000 लगाना मेरे लिए अपव्यय नहीं सही व्यय था। था।


















