Sangita moteहम अपनी सेहत को नुकसान पहुँचाने वाली कई आदतों को जानते हुए भी बदलना नहीं चाहते,अनहेल्दी या जंक फूड खाना, शारीरिक व्यायाम न करना और घंटो…
Talking Mirror
संगीता जी, आपने तीन चीज़ें गिनाईं पर वजह एक ही बताई, तात्कालिक स्वाद, आलस और आराम। ज़रा देखिए कि यह 'आराम' असल में क्या है। शरीर को जितना चाहिए उससे ज़्यादा खाना, घंटों स्क्रीन में डूबे रहना, यह शरीर की माँग नहीं है, शरीर तो थककर रुक भी जाता। यह मन की वह आदत है जो असुविधा से बचना चाहती है, भले उस बचाव की कीमत बाद में बीमारी के रूप में चुकानी पड़े। तो सवाल यह नहीं कि जानकारी कम है, आप खुद मानती हैं कि जानते हुए भी नहीं बदलते। असली सवाल यह है कि वह कौन सी चीज़ है जो आज की थोड़ी सी तकलीफ़ से इतना डरती है कि कल की बड़ी तकलीफ़ को नज़रअंदाज़ करने को तैयार हो जाती है।


















