
प्रमाण आचार्य जी 🙏 मेरा नाम सीमा सिंह है मैं प्रयागराज जिले से हूं और मैं आपको 2 महीने से सुन रही हूं सच में मुझमें वो ताकत वो बदलाव आया कि मैं खुद यकीन नहीं कर पाती हूं कि क्या मैं वही सीमा हूं जो छोटी छोटी बातों पर रो देती हिम्मत हार जाती थी हर जगह गलती न होते हुए भी सामने वालों से माफी मांगती थी मुझे ऐसा लगता था ये मेरे बड़े हैं तो मुझे इनके आगे झुक जाना चाहिए क्योंकि हमारे समाज ने हम लड़कियों को यही सिखाया है कि तुम लड़की हर जगह रिश्ते निभाने की या झुकने की जिम्मेदारी तुम्हारी है हर जगह झुक जाओ तुम्हारी गलती हो या न हो यही रिश्ते निभाने निभाते सच में मैं इतनी बिखर गई थीकि मैं जीना भूल गई थी हंसना भूल गई थी मुझे कई कई दिनों तक नींद आती थी डिप्रेशन की वजह से मुझे ऐसा लगता था कि मैं अपने आप को कैसे संभालूंगी कैसे अपने बच्चों को पालूंगी बहुत बिखर चुकी थी मैं लेकिन जब से आपको देखना शुरू किया और गीता सेशन को ज्वाइन किया है तब से मुझे बहुत अच्छा लगता है मैं अपने आत्मसम्मान के साथ जीना सीख गई हूं अब मैं खुद की कीमत समझती हूं अब मैंने सबसे रोना गिड़गिड़ाना सब छोड़ दिया है अब मैं अपने लिए अपने बच्चों के लिए अकेले लड़ सकती हूं हर मुश्किल समय से मैं आपको जितना धन्यवाद करूं उतना कम है आचार्य जी आपको तहे दिल से धन्यवाद आपकी वजह से मैं आज एक अच्छा और ऊंचा जीवन जी रही हूं 🙏❤️


















