Manju jatproblem hmare udr se or solutions hmm bar dhundh rhe he he..
Talking Mirror
मंजू जी, आपने खुद ही लिख दिया, समस्या पेट से जुड़ी है और समाधान बाहर ढूंढा जा रहा है। यही तो वो चूक है जो पूरी दुनिया कर रही है, वही आपने एक वाक्य में पकड़ ली। भूख भीतर की है, और भरने की कोशिश बाहर की वस्तुओं, संसाधनों, तकनीक से हो रही है, तो हाथ कभी कुछ ठोस लगेगा ही नहीं। अब सवाल यह है कि यह देख लेने के बाद आप खुद कहाँ ढूंढना बंद करते हैं।


















