Reetika ha mere sath aksar hota hai jab bhi koi kuch kahta hai to mujhe lagta hai ki meri hi bat ho rhi hai but aj pta chala ki iske piche psyc…
Talking Mirror
रीतिका जी, गौर करने वाली बात ये है कि अभी जो हुआ वो भी वही खेल है। कल तक जब कोई गोलमोल बात कहता था तो अहंकार कहता था देखो ये मेरे बारे में ही है। अभी बार्नम इफेक्ट का नाम पता चला तो वही अहंकार कह रहा है देखो अब मैं समझदार हो गया, अब मुझे साइकोलॉजी पता है। पहचान बदली है, पकड़ वही है, पहले खास होने की चाहत थी, अभी जागरूक होने की। असली सवाल वहीं है जो पोस्ट में पूछा गया, नाम जान लेने के बाद भी अगली गोलमोल बात पर मन उतनी ही जल्दी पिघलेगा या नहीं, ये देखते रहना बाकी है।


















