
Swati singh
हमारी समझ इंसान को लालची इंसान ,बैचेन इंसान, क्रूर इंसान बना रही है।अगर इंसानों में इंसानियत होती तो वो क्रूर नहीं होता,न लालची होता ,न बैचेन होता, उसमें दूसरे जीव,जंतु का दुख समझने का दर्द होता।
Post

हमारी समझ इंसान को लालची इंसान ,बैचेन इंसान, क्रूर इंसान बना रही है।अगर इंसानों में इंसानियत होती तो वो क्रूर नहीं होता,न लालची होता ,न बैचेन होता, उसमें दूसरे जीव,जंतु का दुख समझने का दर्द होता।
No comments yet.