जीत और हार से परे हो खेल या जीवन
अमर उजाला के इस लेख में आचार्य प्रशांत ने खेल और जीवन के मैदान में जीत और हार के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि असली उद्देश्य सिर्फ जीतना नहीं, बल्कि अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है। हर प्रदर्शन हमें पहले से बेहतर बनाता है, और इसमें हार का भी महत्व है। आचार्य प्रशांत के अनुसार, सही दृष्टिकोण से जीत और हार दोनों से सीखा जा सकता है, जिससे जीवन में संतुलन और स्थिरता आती है। जीवन को खेल की तरह अपनाकर ही हम असली सफलता पा सकते हैं।