वीडियो जानकारी: 18.05.25, संत सरिता, ग्रेटर नोएडा Title : समलैंगिकता पर विशेष बातचीत || आचार्य प्रशांत (2025) ➖➖➖➖➖➖ विवरण: इस वीडियो में आचार्य जी समाज में होमोसेक्सुअलिटी से जुड़े टैबू और किशोरों की उलझनों पर चर्चा कर रहे हैं । वे बताते हैं कि असली प्रश्न यह नहीं है कि कोई होमोसेक्सुअल है या हेट्रोसेक्सुअल, बल्कि यह है कि जीवन में हम किस ओर जा रहे हैं—क्या हम केवल शरीर की इच्छाओं में उलझे हैं या चेतना की ऊँचाइयों की ओर बढ़ रहे हैं। आचार्य जी स्पष्ट करते हैं कि देह-आसक्ति चाहे किसी भी रूप में हो, अंततः वह जीवन का निम्न स्तर है। चाहे स्त्री का शरीर हो या पुरुष का, अंततः शरीर ही शरीर है। आध्यात्मिक दृष्टि से यह पूरा विवाद बहुत छोटा है और केवल देह-आसक्ति को ही प्रकट करता है। सच्चा प्रश्न है—क्या आपके रिश्ते और आकर्षण में सत्य है? क्या वो आपको ऊँचाई दे रहे हैं?