❤️ Love & Relationship Combo ❤️

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दो पुस्तकों का कॉम्बो मुफ़्त स्टिकर के साथ
5/5
5 Ratings & 2 Reviews
Description
सभी पाठकों के लिए दो पुस्तकों का विशेष कॉम्बो भारी छूट पर!
सम्बन्ध + प्रेम सीखना पड़ता है + [1 आचार्य प्रशांत कोट्स स्टिकर मुफ़्त]
पढ़ें और जीवन को सही दिशा दें।

सम्बन्ध:

जीवित होना माने सम्बन्धित होना। जीव के रूप में एक अपूर्णता जन्म लेती है और उस अधूरेपन को भरने के लिए हम अलग-अलग चीज़ों और व्यक्तियों से जुड़ते हैं। हम सबके जीवन में कुछ चीज़ें और लोग मौजूद होते हैं, पर एक स्वस्थ सम्बन्ध कैसा होता है, इसके बारे में हम शायद ही कभी विचार करते हैं।

कौनसे विषय हमारे मन पर छाए रहते हैं, हम काम क्या करते हैं, किन लोगों से मिलते-जुलते हैं, और हमारा ख़ुद से क्या रिश्ता है, इन्हीं सबका नाम जीवन है पर हम यह नहीं देखते कि हमारे रिश्तों में सार्थकता कितनी है।

दो तरह के सम्बन्ध सम्भव हैं — एक वो जो भोग के लिए किया जाता है और दूसरा वो जो प्रेम की अभिव्यक्ति होता है, जो हमारे बंधनों को काटने में सहायक हो।

प्रस्तुत पुस्तक में आचार्य प्रशांत ने विस्तार से समझाया है कि हम किस प्रकार सम्बन्धित होते हैं, स्वस्थ सम्बन्ध की बुनियाद क्या होनी चाहिए और किस प्रकार हम हिंसा और स्वार्थपूर्ण रिश्तों से उठकर प्रेम और करुणा के आधार पर सम्बन्ध बना सकते हैं।

प्रेम सीखना पड़ता है:

हम जिसे प्रेम कहते हैं वह हम तक मात्र किस्से-कहानियों और फिल्मों के माध्यम से पहुँचा है। ये भी एक ग़लतफ़हमी है कि प्रेम नैसर्गिक होता है। प्रकृति में, जानवरों में जो प्रेम दिखता है वो प्राकृतिक सौहार्द हो सकता है, प्रेम नहीं।

प्रेम तो सीखना पड़ता है।

प्रेम वास्तव में है मन का निरंतर आकर्षण, सतत प्रवाह शांति की तरफ़। प्रेम का वरदान या प्रेम की संभावना तो बस इंसान को ही मिली है। वो भी संभावना मात्र है।

प्रेम मिलेगा किसी कृष्ण जैसे के पास।
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