भूले मन समुझ के लाद लदनिया + चलना है दूर मुसाफ़िर + [1 आचार्य प्रशांत कोट्स स्टिकर मुफ़्त]

भूले मन समुझ के लाद लदनिया + चलना है दूर मुसाफ़िर + [1 आचार्य प्रशांत कोट्स स्टिकर मुफ़्त]

दो पुस्तकों का कॉम्बो मुफ़्त स्टिकर के साथ
Description
सभी पाठकों के लिए दो पुस्तकों का विशेष कॉम्बो भारी छूट पर!
भूले मन समुझ के लाद लदनिया + चलना है दूर मुसाफ़िर + [1 आचार्य प्रशांत कोट्स स्टिकर मुफ़्त]
पढ़ें और जीवन को सही दिशा दें।

भूले मन समुझ के लाद लदनिया:

यह पुस्तक बताती है कि जीवन की समस्या कमी नहीं, बल्कि वह अनावश्यक बोझ है जिसे हम सहारा समझकर ढोते रहते हैं। आचार्य प्रशांत स्पष्टता के माध्यम से जीवन को हल्का और मुक्त बनाने का मार्ग दिखाते हैं।

चलना है दूर मुसाफ़िर:

जीवन एक अनवरत यात्रा है और मनुष्य उसका यात्री। यह पुस्तक माया-मोह की गाँठों को पहचानने और वेदांत की शिक्षा को जीवन में उतारने की स्पष्टता देती है।
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